पत्रकारों ने अफसरों के नाम पर वसूली लाखों की राशि, रिपोर्ट दर्ज

0
1272

मथुरा। ‘‘गुण्डाराज ना भ्रष्टाचार’’ योगी सरकार के इस लोक लुभावन नारे की किस तरह थाना तहसीलों में कथित पत्रकार-पुलिस प्रशासन के अधिकारियों की तिकड़ी धज्जियां उड़ा रही हैं इसका खुलासा बल्देव क्षेत्र के मामलों में हुआ है। जहां एक कथित पत्रकार के विरूद्ध धोखाधड़ी में मामला दज्र कराया गया है। वहीं दूसरे मामले में डेढ़ लाख से अधिक की रिश्वत की राशि को लौआने का कथित पत्रकार द्वारा वायदा किये जाने पर लीपापोती का प्रयास किया जा रहा है। दूसरी तरफ छाता में विद्युत विभाग के साथ गाली-गलौज मारपीट करने वाले पत्रकार खुलेआम घूम रहे हें।

जनपद से लेकर तहसील थाना चौकी, ब्लाॅक पर गिद्धों की तरह मडराने वाले एवं पुलिस प्रशासन के अधिकारियों के साथ सेल्फी लेकर सोशल मीडिया पर वायरल करने वाले कथित पत्रकारों के काले कारनामे थमने का नाम नहीं ले रहे हैं बल्कि अधिकारियों के साथ मारपीट के मामले भी सामने आ रहे हैं। महावन थाना क्षेत्र के गांव खानपुर में एक महिला की मोत में फंसे परिजनों को बचाने के लिये एक कथित पत्रकार ने एसओ एवं सीओ महावन से नजदीकी बताते हुए जुगसना गांव के कथित चिकितसक के माध्यम से 1.52 लाख की राशि वसूल ली। उक्त मामले का खुलासा उस समय हुआ जब पुलिस ने आरोपी पक्ष को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया ।

कथित पत्रकार द्वारा वसूली गई डेढ़ लाख से अधिक की राशि की जानकारी पुलिस अधिारियों को भी हो गई। जिसमें हंगामा मचने पर कथित पत्रकार ने 5 हजार की राशि तो वापिस कर दी शेष राशि जल्द लौटाने का वायदा किया। सोशल मीडिया पर वायरल हो रही ऑडियो में कथित चिकित्सक द्वारा 1.52 लाख की राशि कथित पत्रकार द्वारा वसूलने एवं कथित पत्रकार द्वारा जल्द रकम लौटाने की पुष्टि की गई है।

इसी तरह दूसरा मामला बल्देव क्षेत्र के गांव पटलोनी का सामने आया है जहां गोविन्द सिंह पुत्र जयवीर सिंह से शिकायतों की जांच के बहाने एसडीएम महावन के नाम पर गांव के कथित पत्रकार विनीत कुमार पुत्र अमर सिंह ने दो किस्तों में 20 हजार की राशि वसूल ली। जिसका पीड़ित ने लेन-देन का वीडियो-ऑडियो भी बना लिये। जिसमें कथित पत्रकार एसडीएम महावन से घनिष्ट समबन्ध होना बताया जा रहा है।

इस संबंध में पीड़ित गोविन्द सिंह ने एसडीएम से मुलाकात कर साक्ष्य सौंपे जिस पर एसडीएम के आदेश पर थाना बल्देव में आईपीसी की धारा 384, 385 के हत आरोपी पत्रकार विनीत के खिलाफ मुकद्मा दर्ज किया गया। इससे पूर्व छाता विद्युतत स्टेशन पर अरूण ठाकुर एवं भगत सिंह नामक कथित पत्रकारों के विरूद्ध अवर अभियन्ता द्वारा शराब पीकर गाली-गलोज, मारपीट, सरकारी कार्य में बाधा में रिपोर्ट दर्ज कराई गई। हालांकि छाता के मामले में जेई द्वारा भी पत्रकारों से गाली-गलौज का वीडियो भी वायरल हो रहा है तथा पत्रकार संगठन द्वारा आरोपी जेई के खिलाफ मुकद्मा दर्ज कराने का पत्र डिप्टी कलैक्टर राजीव उपाध्याय को दिया गया है। जिसमें जांच के आदेश दिये गये हैं। इसी तरह यमुना एक्सप्रेस-वे हाइवे पर आये दिन मीडिया गैंग द्वारा अवैध वसूली के मामले आते रहते हैं लेकिन पुलिस-प्रशासन मौन बना रहता है।