सात दिन से ‘लापता’ मथुरा बीएसए, घोटालों पर पड़ा पर्दा

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मथुरा। जनपद के जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी इन दिनों बिना सूचना के ही अवकाश पर चल रहे हैं। गत सप्ताह शनिवार और रविवार को छुट्टी लेकर बीएसए एक सप्ताह बाद भी वापस नहीं लौटे हैं। शनिवार को जिला पंचायत की बैठक से नदारद रहने के चलते जिला पंचायत अध्यक्ष ने बैठक में पहुंचे एबीएसए से पूछ लिया कि ‘कहां हैं मथुरा बीएसए’। उन्होंने बीएसए से कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए स्पष्टीकरण मांगा है।
जिला बेसिक शिक्षा विभाग बीते कई दिनों से जहां भर्ती घोटाले और भ्रष्टाचार से जूझ रहा है। वहीं इन दिनों बीएसए भी फर्जी शिक्षकों पर कार्यवाही करने की बजाय कार्यालय से ही लापता हैं। वह बिना सूचना ही अवकाश पर चल रहे हैं। बीएसए 12 जनवरी को दो दिन अर्थात् शनिवार और रविवार की छुट्टी लेकर गए थे। दो दिन का अवकाश लेकर वह इस पूरे सप्ताह ऑफिस से नदारद रहे हैं। जबकि इस सप्ताह में ही एसआईटी द्वारा सौंपी गई फर्जी शिक्षकों की सूची वाली सीडी भी खोली जानी थी लेकिन बीएसए साहब इस सीडी को खोलने से बच रहे हैं। इससे विभाग में यह चर्चा आम हो गई है कि बीएसए सहित अन्य अधिकारी भी फर्जी शिक्षकों को बचने के लिए मौका दे रहे हैं। बीएसए के बिना सूचना के ही अवकाश पर रहना भी चर्चा का विषय बना हुआ है। शनिवार को जिला पंचायत की बैठक में भी बीएसए को पहुंचना था लेकिन उनके स्थान पर एबीएसए जेपी सुमन बैठक में प्रतिभाग करने पहुंचे। जिला पंचायत अध्यक्ष ममता चौधरी उन्हें देखकर बिफर गईं और उन्होंने एबीएसए सुमन से बीएसए के बारे में जानकारी ली। जब एबीएसए कोई जवाब नहीं दे सके तो उन्होंने एबीएसए जेपी सुमन को उल्टे पांव वापस लौटा दिया और बैठक से अनुपस्थित रहने के लिए बीएसए को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। खंड शिक्षा अधिकारी जेपी सुमन ने बताया कि वह बैठक में हिस्सा लेने पहुंचे थे लेकिन जिला पंचायत अध्यक्ष ने उनसे बीएसए सर के बारे में पूछा। बताया कि जिला पंचायत अध्यक्ष ने बीएसए को कारण बताओ नोटिस जारी करने की बात कही है। चार्ज के बारे में पूछने पर उन्होंने बताया कि शनिवार और रविवार का अवकाश लेकर गए बीएसए दो दिन के लिए एबीएसए निशेष जार को चार्ज देकर गए थे। वहीं एबीएसए निशेष जार ने दो दिन का चार्ज अपने पास होने से स्पष्ट इंकार किया। हालांकि विभागीय सूत्रों की मानें तो इस समय कार्यालय में सभी कार्य अघोषित तौर पर एबीएसए जेपी सुमन ही कर रहे हैं लेकिन वह चार्ज होने से इंकार कर रहे हैं।